हिंदी सिनेमा की ख्यात पार्श्व गायिका वाणी जयराम का निधन जानिये उनके जीवन करियर की खास बातें


Publish Date: | Sat, 04 Feb 2023 10:15 PM (IST)

“बोले रे पपीहरा” तथा “हमको मन की शक्ति देना” जैसे सुपरहिट गानों और मीरा बाई के कई प्रसिद्ध भजनों को स्वर देने वाली लोकप्रिय पार्श्व गायिका वाणी जयराम का निधन हो गया है। चेन्नई के उपनगरीय इलाके में स्थित अपने अपार्टमेंट में वे मृत मिलीं। वे 77 साल की थीं और इसी गणतंत्र दिवस के अवसर पर भारत सरकार ने उनको पद्मभूषण से सम्मानित करने की घोषणा की थी। अपने चमकदार करियर में वाणी जयराम ने 19 भाषाओं में 10 हजार से अधिक गाने गाए। किसी समय सफलता और प्रसिद्धि की शिखर पर रहीं पार्श्व गायिका अपने अपार्टमेंट में अकेली रहती थीं। पुलिस ने बताया कि उनके सिर पर चोट के निशान मिले हैं और आगे की जांच जारी है। उनकी घरेलू सहायिका मलारकोडी के अनुसार वाणी जयराम के पति का पहले ही निधन हो गया था और उन दोनों की कोई संतान नहीं थी। मलारकोडी हमेशा की तरह शनिवार को काम पर आई। बार-बार कालबेल दबाने के बावजूद कोई जवाब नहीं मिला। उसने तुरंत गायिका के रिश्तेदारों को सूचित किया, जिन्होंने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने दोपहर में वाणी जयराम के रिश्तेदारों की मौजूदगी में घर का दरवाजा तोड़ा और उन्हें मृत पाया। मलारकोडी ने बताया कि वाणी जयराम को स्वास्थ्य संबंधी कोई समस्या नहीं थी। तमिलनाडु के वेल्लोर जिले में जन्मीं वाणी जयराम ने अपने 50 साल लंबे करियर में तमिल, मलयालम, हिदी, तेलुगु, कन्नड़ समेत कई भाषाओं में गाने गाए। उन्होंने जयदेव, वसंत देसाई और इलैया राजा जैसे चोटी के संगीतकारों के साथ काम किया। पूर्व मुख्यमंत्री और अपने जमाने की शीर्ष अभिनेत्री जयललिता के लिए भी उन्होंने गाने गाए थे।

Posted By: Navodit Saktawat

 



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