कनाडा में ​एक बार फिर हिंदू मंदिर पर लिखे भारत विरोधी नारे, 1 साल के अंदर ऐसी चौथी घटना, दूतावास ने की कार्रवाई की मांग

Ram Mandir Defaced in Mississauga Canada


ओटावा: टोरंटो में भारत के महावाणिज्य दूतावास (Consulate General of India) ने मंगलवार (स्थानीय समय) को मिसिसॉगा में भारत विरोधी भित्तिचित्रों (Anti-India-Graffiti) के साथ राम मंदिर को विकृत करने की निंदा की. भारतीय दूतावास ने कनाडा के अधिकारियों से घटना की जांच करने और अपराधियों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई करने का अनुरोध किया. भारत के महावाणिज्य दूतावास ने इस संबंध में ट्वीट करके जानकारी दी. यह पहली बार नहीं है कि कनाडा में किसी हिंदू मंदिर को भारत विरोधी नारों और चित्रों से विरूपित किया गया है. इससे पहले, जनवरी में ब्रैम्पटन में एक हिंदू मंदिर पर भारत विरोधी चित्र बनाए गए थे, जिससे भारतीय समुदाय में आक्रोश फैल गया था.

टोरंटो में भारतीय महावाणिज्य दूतावास ने गौरी शंकर मंदिर में हुई तोड़फोड़ की निंदा करते हुए कहा था कि इस कृत्य से कनाडा में भारतीय समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंची है. वाणिज्य दूतावास कार्यालय ने एक बयान में कहा था, ‘हम ब्रैम्पटन में भारतीय विरासत के प्रतीक गौरी शंकर मंदिर को भारत विरोधी भित्तिचित्रों से विकृत करने की कड़ी निंदा करते हैं. हमने कनाडा के अधिकारियों के साथ इस मामले पर अपनी चिंता जताई है.’ ब्रैम्पटन के मेयर पैट्रिक ब्राउन ने भी तोड़फोड़ की निंदा की थी और कहा था कि कनाडा के अधिकारी इस घटना की जांच कर रहे हैं. पैट्रिक ने ट्वीट किया था, ‘इस घृणित और शर्मनाक कार्य का हमारे शहर या देश में कोई स्थान नहीं है. मैंने पील क्षेत्रीय पुलिस प्रमुख निशान दुरैयप्पा के साथ इस घृणित अपराध पर अपनी चिंताओं को उठाया है.’

निक्की हेली ने किया अमेरिकी राष्ट्रपति पद की रेस में शामिल होने का ऐलान, डोनाल्ड ट्रंप को देंगी चुनौती

VIDEO: कार से उतर रही थी महिला, बाघ ने मारा ऐसा झपट्टा…खौफनाक मंजर को देख दहल उठा दिल

ब्रैम्पटन के मेयर पैट्रिक ब्राउन ने कहा, ‘हर कोई अपने पूजा स्थल में सुरक्षित महसूस करने का हकदार है.’ इससे पहले सितंबर 2022 में, कनाडा में BAPS स्वामीनारायण मंदिर को ‘कनाडाई खालिस्तानी चरमपंथियों’ द्वारा भारत विरोधी भित्तिचित्रों के साथ विरूपित किया गया था. तब भारतीय मूल के कनाडाई संसद सदस्य चंद्र आर्य ने ट्वीट किया था, ‘कैनेडियन खालिस्तानी चरमपंथियों द्वारा टोरंटो बीएपीएस श्री स्वामीनारायण मंदिर की बर्बरता की सभी को निंदा करनी चाहिए. यह केवल एक अकेली घटना नहीं है. कनाडा के हिंदू मंदिरों को हाल के दिनों में इस तरह के घृणा अपराधों से निशाना बनाया गया है. कनाडाई हिंदू वैध रूप से चिंतित हैं. ग्रेटर टोरंटो एरिया के रिचमंड हिल स्थित विष्णु मंदिर में महात्मा गांधी की एक प्रतिमा को जुलाई 2022 में विरूपित किया गया था. दोनों ही मामलों में, मंदिर पर खालिस्तान समर्थक नारे चित्रित किए गए थे और पाकिस्तान समर्थक हैंडल्स द्वारा सोशल मीडिया पर तोड़फोड़ को बढ़ावा दिया गया था.

Tags: Canada, Crime News, Hindu



Source link